
अल्मोड़ा के रवि टम्टा ने बनाया फ्लाइंग व्हीकल, वीडियो वायरल होते ही सोशल मीडिया में फ़ैल सनसनी, लोग कर रहे तारीफ।
अल्मोड़ा। उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले के काफलीखान (जागेश्वर धाम के निकट) के युवा नवाचारक रवि टम्टा ने भारत में पर्सनल स्काई मोबिलिटी के क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करने का दावा किया है। रवि ने अपने स्टार्टअप Hapida Sky Private Limited के तहत विकसित HAPIDA SKYNeX प्रोटोटाइप की सफल परीक्षण उड़ान का दावा किया है, जिसे वह देश का पहला स्वदेशी व्यक्तिगत उड़ने वाला वाहन (Personal Flying Vehicle) बता रहे हैं।

परीक्षण उड़ान और तकनीकी दावे
रवि टम्टा ने सोशल मीडिया के माध्यम से इस सफल परीक्षण की जानकारी साझा करते हुए बताया कि यह उपलब्धि कई वर्षों की मेहनत, शोध, प्रयोग और लगातार संघर्ष का परिणाम है। उनका कहना है कि HAPIDA SKYNeX केवल एक मशीन नहीं, बल्कि उनके लंबे समय से देखे गए सपने की पहली सफल उड़ान है।
रवि का दावा है कि यह वाहन 40 किलोमीटर की दूरी को सड़क मार्ग से 1.5 घंटे में तय करने के बजाय हवा में केवल 12 मिनट में पूरा कर सकता है। इलेक्ट्रिक तकनीक: यह वाहन पूरी तरह से इलेक्ट्रिक है, जिसमें एविएशन ईंधन या इथेनॉल की आवश्यकता नहीं है। सिंगल सीटर डिजाइन: प्रोटोटाइप एक सीटर फ्लाइंग व्हीकल के रूप में तैयार किया गया है, जो ड्रोन तकनीक पर आधारित है। रवि ने अल्मोड़ा के एक मैदान में परीक्षण के तौर पर इस वाहन को उड़ाया और इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

भविष्य की योजनाएं और लक्ष्य
रवि टम्टा का मानना है कि भविष्य में परिवहन व्यवस्था केवल सड़कों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि लोग अपनी व्यक्तिगत यात्रा के लिए आसमान का भी उपयोग करेंगे। उनका उद्देश्य सुरक्षित, इलेक्ट्रिक और आधुनिक तकनीक पर आधारित **Personal Sky Mobility** विकसित करना है, जिससे भविष्य की यात्रा अधिक तेज, सुविधाजनक और पर्यावरण के अनुकूल बन सके।
उनका स्टार्टअप लगातार अनुसंधान एवं विकास कर रहा है, ताकि यह तकनीक आम लोगों के लिए भी भविष्य में सुलभ हो सके। फिलहाल, HAPIDA SKYNeX को प्रोटोटाइप और परीक्षण के रूप में देखा जा रहा है। इसे बड़े पैमाने पर उपयोगी बनाने के लिए और अधिक तकनीकी परीक्षणों और नियामक संस्थाओं से प्रमाणन की आवश्यकता होगी।
पहाड़ के लाल पर गर्व:
रवि टम्टा की इस उपलब्धि से न केवल उनके गांव काफलीखान, बल्कि पूरे उत्तराखंड और देश भर में खुशी और गर्व का माहौल है। लोग उनके इस हुनर की खूब तारीफ कर रहे हैं और सोशल मीडिया पर बधाई दे रहे हैं। रवि इससे पहले भी अपने नवाचारों को लेकर चर्चा में रह चुके हैं। वर्ष 2019 में उन्होंने एक इलेक्ट्रोलाइट पंप मशीन विकसित करने का दावा किया था, जिससे इलेक्ट्रिक वाहनों को बेहद कम समय में चार्ज किया जा सकता था। इसके अलावा, उन्होंने पहले मोबाइल चार्ज करने वाले जूते और शुरुआती स्तर के हेलीकॉप्टर मॉडल जैसे प्रयोग भी किए थे।
