
रानीखेत में डॉ. धन सिंह रावत ने ₹710.84 लाख की लागत से कंप्यूटर लैब और नए भवन का लोकार्पण किया, बीबीए-बीसीए पाठ्यक्रमों समेत कई विकास घोषणाएं की।
रानीखेत, 12 जून — उत्तराखण्ड सरकार के उच्च शिक्षा एवं विद्यालयी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने गुरुवार को राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, रानीखेत (अल्मोड़ा) में नव-निर्मित कला व वाणिज्य संकाय भवन तथा कम्प्यूटर लैब का औपचारिक उद्घाटन किया। कुल ₹710.84 लाख की लागत से निर्मित इन अधोसंरचनाओं का उद्देश्य विद्यार्थियों को आधुनिक शैक्षणिक सुविधाएँ प्रदान कर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को आगे बढ़ाना बताया गया।

उद्घाटन समारोह में मंत्री ने महाविद्यालय को स्वायत्त (ऑटोनॉमस) महाविद्यालय के रूप में विकसित करने की घोषणा की और कई विकास परियोजनाओं की घोषणा की। उन्होंने कहा कि संस्थान ने शैक्षणिक गुणवत्ता, शोध, अनुशासन तथा आधारभूत संरचना के क्षेत्र में संतोषजनक प्रगति दिखाई है और स्वायत्तता के मानकों को पूरा करने पर सकारात्मक कार्रवाई की जाएगी।

छात्रों की मांग पर मंत्री ने महाविद्यालय में बीबीए व बीसीए पाठ्यक्रम प्रारम्भ करने की भी घोषणा की। उन्होंने कहा कि प्रबंधन व सूचना प्रौद्योगिकी आधारित शिक्षा युवाओं के लिए रोज़गार व स्वरोज़गार के अवसर बढ़ाएगी। कंप्यूटर शिक्षा मजबूत करने के लिए मंत्री ने महाविद्यालय को 50 अतिरिक्त कंप्यूटर उपलब्ध कराने तथा कंप्यूटर लैब को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित करने का आश्वासन दिया।

आयोजन में एक आधुनिक कॉन्फ्रेंस कक्ष की स्थापना की भी घोषणा की गई; इसमें 200 गद्दीदार कुर्सियाँ उपलब्ध कराई जाएँगी ताकि राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर के सेमिनार एवं शैक्षणिक कार्यक्रम हो सकें। साथ ही, महाविद्यालय के नव-निर्मित एवं पुराने परिसर के बीच सुगम आवागमन सुनिश्चित करने हेतु संपर्क मार्ग निर्माण के लिए ₹40 लाख देने की भी घोषणा की गई।

कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय की सहायक प्राध्यापिका डॉ. बर्खा रौतेला द्वारा तैयार विस्तृत विकास परियोजना प्रतिवेदन की मंत्री ने सराहना की तथा संस्थान की विकासोन्मुख सोच पर प्रकाश डालते हुए एक वृत्तचित्र तैयार करने का सुझाव दिया। मंत्री ने उच्च शिक्षा संस्थानों से केवल शिक्षण तक सीमित न रहने, बल्कि अनुसंधान, नवाचार, कौशल विकास व सामुदायिक सहभागिता के केंद्र बनने का आह्वान भी किया।

महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. पुष्पेश पाण्डेय ने स्वागत भाषण में संस्थान की विकास यात्रा व उपलब्धियों का विवरण प्रस्तुत करते हुए राज्य सरकार व उच्च शिक्षा विभाग का धन्यवाद किया। कार्यक्रम में स्थानीय विधायक प्रमोद नैनवाल, जिला अध्यक्ष घनश्याम भट्ट, ब्लॉक प्रमुख, अन्य जनप्रतिनिधि, शिक्षाविद्, सामाजिक कार्यकर्ता, शिक्षक-staff व बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।
समारोह के पश्चात विधायक प्रमोद नैनवाल ने महाविद्यालय की उन्नति की प्रशंसा करते हुए और संसाधन उपलब्ध कराने का अनुरोध किया। उपस्थित नागरिकों व प्रतिनिधियों ने मंत्री की घोषणाओं का स्वागत किया और कहा कि ये कदम क्षेत्र की उच्च शिक्षा के लिये ऐतिहासिक हैं। महाविद्यालय परिवार ने उम्मीद जताई कि स्वायत्तता, नए व्यावसायिक पाठ्यक्रम, डिजिटल संसाधनों के विस्तार और आधारभूत संरचना के विकास से संस्थान प्रदेश के अग्रणी उच्च शिक्षा संस्थानों में स्थान संभालेगा।
