
रानीखेत में पहली बार होगी 48 घंटे की अल्ट्रा एंड्योरेंस रन “द ट्रांस लूप्स” – लगातार 2 दिन तक दौड़ेंगे धावक।
रानीखेत, 25 जून 2026 — रानीखेत माउंटेनियरिंग एंड आउटडोर क्लब (RMOC) आयोजित “द ट्रांस लूप्स” नामक 48 घंटे की अल्ट्रा एंड्योरेंस रन 10 से 12 जुलाई 2026 तक नरसिंह स्टेडियम में होगी। क्लब के अध्यक्ष सुमित गोयल ने यह जानकारी आज प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी। आयोजन का संचालन द एंड्योरेंस कलेक्टिव करेगा और इसमें देश भर के अनुभवी व नवोदित धावक हिस्सा लेंगे।

प्रतियोगिता में 6, 12, 24 और 48 घंटे की चार श्रेणियाँ रखी गई हैं। प्रतिभागियों को स्टेडियम ट्रैक पर निर्धारित समय के भीतर अधिकतम दूरी तय करनी होगी। 10 जुलाई को प्रातः 8:30 बजे बिब वितरण और रेस ब्रीफिंग होगी जबकि प्रतियोगिता का औपचारिक शुभारंभ सायं 4:00 बजे किया जाएगा। यह प्रतियोगिता 48 घंटे लगातार चलेगी और 12 जुलाई को निर्धारित समय पर समाप्त होगी।

सुमित गोयल ने कहा कि आयोजन उत्तराखंड में एंड्योरेंस रनिंग को बढ़ावा देने, युवाओं में फिटनेस व साहसिक खेलों के प्रति जागरूकता फैलाने तथा रानीखेत को राष्ट्रीय स्तर पर स्पोर्ट्स व एडवेंचर टूरिज्म का केंद्र बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण है। उन्होंने स्थानीय पर्यटन, होटल, परिवहन और व्यापार को भी आर्थिक लाभ की संभावना बताई।
आयोजन समिति ने बताया कि प्रतिभागियों के लिए चिकित्सा सहायता, हाइड्रेशन, पोषण और सुरक्षा जैसी आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाएँगी। । इच्छुक धावक और खेल प्रेमी आधिकारिक वेबसाइट https://www.theec.co.in पर जाकर ऑनलाइन पंजीकरण करा सकते हैं। प्रेस वार्ता में डॉ. विनीता जैन, कैप्टन मनीष सिंह, देवांशु साह गंगोला, अनिल गोयल, गोविंद सिंह बिष्ट, जीवन कुवार्बी, अशोक मेहरोत्रा, सोनू सिद्दीकी सहित क्लब के अन्य पदाधिकारी व सदस्य उपस्थित थे।
एंड्योरेंस रनिंग क्या होती है — सरल और संक्षिप्त व्याख्या
एंड्योरेंस रनिंग वह दूरी-दौड़ (long‑distance running) है जिसमें धावक की मुख्य क्षमता उसकी लंबी अवधि तक लगातार दौड़ने की सहनशक्ति (stamina/endurance) होती है। यह सामान्य रनिंग से अलग इसलिए है क्योंकि इसमें दूरी, समय और मानसिक सहनशक्ति का मिश्रित परीक्षण होता है; लक्ष्य निर्धारित समय के भीतर अधिकतम दूरी तय करना या निश्चित दूरी को बिना रुके पूरा करना होता है।
मुख्य विशेषताएँ:-
– लंबी दूरी और समय: इसमें घंटों तक चलने वाली प्रतियोगिताएँ (जैसे 6, 12, 24, 48 घंटे) या मैराथन—अर्थात 42.195 किमी जैसे इवेंट शामिल होते हैं।
– धीमा और स्थिर पेस: एंड्योरेंस रनिंग में अधिकांश ट्रेनिंग आसान-से-मध्यम गति पर होती है ताकि ऑक्सीजन क्षमता और माइटोकॉन्ड्रियल कार्य क्षमता बेहतर हों।
– शारीरिक व मानसिक तैयारी: अच्छा कार्डियोवस्कुलर फिटनेस, मांसपेशी-सहायता, पोषण व हाइड्रेशन, और मानसिक दृढ़ता जरूरी होती है।
– प्रशिक्षण तरकीबें: स्टेडी‑स्टेट रन, टेम्पो रन, इंटरवल ट्रेनिंग, हिल वर्कआउट और लॉन्ग स्लो दूरी (LSD) रन आम तौर पर उपयोग होते हैं।
