
दन्या में ससुर की हत्या के आरोपी दामाद और बेटी जम्मू-कश्मीर से हुए गिरफ्तार, अल्मोड़ा पुलिस को मिली बड़ी सफलता।
अल्मोड़ा, 28 जून 2026 — अल्मोड़ा पुलिस ने गत सप्ताह थाना दन्या में एक व्यक्ति की हत्या के गंभीर मामले में बड़ी सफलता हासिल कर दो आरोपियों बेटी और दामाद को जम्मू-कश्मीर के कटरा से गिरफ्तार किया है। वही मृतक की पत्नी की इस मामले में कोई संलिप्तता नहीं पाई गयी है। आरोपी युवक का इससे पूर्व भी आपराधिक इतिहास रहा है।
घटनाक्रम के अनुसार, 22 जून 2026 को थाना दन्या में ग्राम सैली, तापनी निवासी नारायण दत्त ने तहरीर दी कि 20 जून 2026 की रात उनके पुत्र चंद्रशेखर के साथ पुत्री जानकी पांडे, दामाद धर्मवीर शर्मा (निवासी हांसी, हरियाणा) तथा उनकी पत्नी खष्टी देवी ने मिलकर भारी दराती से सिर व शरीर पर प्राणघातक हमला किया। गंभीर रूप से घायल चंद्रशेखर को हल्द्वानी ले जाया गया, जहां 21 जून 2026 को उपचार के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। तहरीर के आधार पर थाना दन्या में FIR संख्या 20/2026 के तहत संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया।

कार्रवाई व जांच: एसएसपी अल्मोड़ा के निर्देश पर सीओ अल्मोड़ा ने घटनास्थल का निरीक्षण कराया और फॉरेंसिक टीम को वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्रित करने के लिए भेजा। आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी हेतु तीन अलग-अलग जांच टीमें गठित की गईं। सीओ अल्मोड़ा बलवंत सिंह रावत के पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष दन्या दिनेश नाथ महंत के नेतृत्व में चल रही तलाश के दौरान दिल्ली, पंजाब और हरियाणा सहित कई स्थानों पर खोज-पड़ताल की गई तथा लगभग 150 सीसीटीवी फुटेज खंगाली गईं। जांच में आरोपियों की प्रयुक्त वाहन संख्या HR21T0835 FRONX को हिसार, हरियाणा से 23 जून 2026 को बरामद किया गया।
सुराग और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी कटरा, जम्मू-कश्मीर में छिपे हैं। थाना कटरा के साथ समन्वय करके दोनों आरोपियों को 26 जून 2026 को गिरफ्तार किया गया। इन्हें कटरा से गिरफ्तारी के बाद कटरा न्यायालय में पेश कर ट्रांजिट रिमाण्ड लिया गया और 27 जून 2026 को थाना दन्या लाया गया। आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।
पूछताछ में खुलासा:
पूछताछ में आरोपी धर्मवीर शर्मा उम्र 28 वर्ष निवासी हरियाणा व जानकी पांडे उम्र 20 वर्ष पत्नी धर्मवीर शर्मा ने बताया कि वे मृतक से पारिवारिक रंजिश के चलते नाराज थे। आरोपियों के अनुसार मृतक चंद्रशेखर उनकी पुत्री जानकी के साथ पहले से दुर्व्यवहार करता था। आरोपियों ने बताया कि करीब एक माह से हत्या की योजना बनाई जा रही थी। धनाभाव के कारण धर्मवीर ने अपनी सोने की अंगूठी और जानकी ने अपना मंगलसूत्र व झुमके बेचकर साधन जुटाए और 20–21 जून की रात वाहन लेकर ग्राम सैली में आए। आरोपियों ने कहा कि उन्होंने दराती से वार कर चंद्रशेखर को गंभीर रूप से घायल किया और उसे मरता हुआ समझ कर भाग गए। आरोपियों ने कई ठिकाने बदले और अंततः कटरा में छिप गए।
आरोपियों की निशानदेही पर सौधारा बैंड के पास से हत्या में प्रयुक्त दराती और आरोपी की खून से सनी कमीज बरामद की गई। आरोपित धर्मवीर शर्मा के खिलाफ पहले से 12 आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी भी सामने आई है; इनमें लूट, मारपीट, समूह दंगा व अन्य गंभीर धाराएं शामिल हैं। अन्य आपराधिक रिकार्ड की जांच जारी है। विवेचना और साक्ष्यों के आधार पर मृतक की पत्नी खष्टी देवी का इस घटना में शामिल होने का कोई सबूत नहीं मिला है।
जांच टीम: मामले की जांच तथा सुराग-तलाशी एवं गिरफ्तारी में थानाध्यक्ष दन्या सहित कई पुलिस अधिकारियों व टीमों ने भूमिका निभाई। प्रमुख टीम सदस्यों में SO दन्या दिनेश नाथ महंत, उप निरीक्षक कमित जोशी, म0हे0कानि0 सुशीला राणा, तथा एसओजी व स्थानीय पेट्रोलिंग-टीम शामिल रहे।
