
ऑनलाइन ठगी में रानीखेत और दन्या के दो – दो और सोमेश्वर के एक मामले का हुआ खुलासा, दो अभियुक्त गिरफ्तार।
ऑनलाइन ठगी के बढ़ते मामलों के बीच अल्मोड़ा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने जिला अल्मोड़ा के पांच ऑनलाइन ठगी के मामलों का खुलासा करते हुए दो अलग अलग अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। इसमें दो मामले रानीखेत कोतवाली, दो मामले थाना दन्या और एक मामला थाना सोमेश्वर से संबधित हैं। पुलिस ने दिनांक 18.07.2026 को चन्दन कुमार निवासी पंचायत बाघमारी किता खरवा देवघर (झारखण्ड) को गिरफ्तार किया है। जिसके द्वारा 04 मामलो में 2,48,034/- रुपये की ठगी की गयी थी। इसके पास एक मोबाइल वन प्लस कम्पनी का घटना से संबंधित बरामद किया गया।

इसके अतिरिक्त अल्मोड़ा पुलिस द्वारा राहुल कुमार बैरवा निवासी मोहनपुरा, तहसील व थाना लवाण जिला दौसा, राजस्थान उम्र 24 वर्ष को 17.07.2026 को गिरफ्तार किया गया। जिसके द्वारा 09 मामलो में 5,65,980/- रुपये की ठगी की गयी थी। इसके पास एक मोबाइल रियल-मी कम्पनी का घटना से संबंधित बरामद किया गया। यह दोनों व्यक्ति अन्य 06 राज्यों में भी साइबर अपराध धोखाधड़ी के मामलों में वांछित है।

घटनाओं का विवरण-
1️⃣ पहला मामला थाना दन्या- मानवी पाण्डेय पत्नी प्रकाश चन्द्र पाण्डेय निवासी कफलनी थाना दन्या शिकायत दर्ज करवाई कि 19.04.2026 को सोनोग्राफी कराने के लिए सहायता धनराशि देने के नाम पर कुल- 97710.28/- रुपये की धोखाधड़ी कर ली थी।
2️⃣ दूसरा मामला थाना दन्या– हेमा पाण्डे पत्नी कमल चन्द्र पाण्डे निवासी सुकना थाना दन्या में शिकायत दर्ज करवाई कि 19.04.2026 को एक व्यक्ति द्वारा स्वंय को बाल विकास का कर्मचारी बताकर विभाग का लाभ देने के नाम पर कुल- 56310.74/- रुपये की धोखाधड़ी कर ली थी।
कोतवाली रानीखेत-
3️⃣ तीसरा मामला– गंगा फर्त्याल पत्नी संजय फर्त्याल निवासी सिलंगी, रानीखेत द्वारा कोतवाली रानीखेत में शिकायत दर्ज करवाई गयी कि 09.04.2026 को अज्ञात व्यक्ति ने स्वयं को आंगनबाड़ी/डिलीवरी संबंधी भुगतान कराने वाला बताकर ₹37,540/- की ठगी की गयी।
4️⃣ चौथा मामला- पदमा देवी पत्नी महेन्द्र सिंह निवासी स्यो तल्ला, रानीखेत के साथ 12.04.2026 को किसी परिचित के पैसे भेजने के नाम पर ₹79,604/- की ठगी की गयी।
5️⃣ पांचवा मामला सोमेश्वर– चन्दन सिंह बोरा, पुत्र दीवान सिंह बोरा निवासी रतुराठ मल्लाखोली, सोमेश्वर, के साथ 16.05.2026 को Google Pay के माध्यम से धोखाधड़ी कर ₹74,580/- अपने खाते में स्थानांतरित किया गया था।
